इलाहाबाद हाईकोर्ट ने उड़ाईं योगी सरकार के झूठे दावों की धज्जियां, लगाई फटकार और तत्काल कुछ इंतजाम करने के दिए निर्देश, चुनाव आयोग को भी लताड़ा Allahabad High Court lashed out at Yogi government for false claims, reprimanded and directed to make some immediate arrangements, also lambasted Election Commission
लखनऊ/प्रयागराज (इलाहाबाद)। योगी आदित्यनाथ की नाकामी से प्रदेश में हजारों लोगों की जानें चली गईं। हजारों लोगों का कोई न कोई परिजन हमेशा के लिए बिछुड़ गया और बहुतों का घर-मकान पैसा भी गया। योगी झूठे दावे करते रहे, जनता को धमकाते रहे और लोग परेशान और बर्बाद होते रहे। इलाहाबाद हाईकोर्ट ने प्रदेश में कोरोना संक्रमण से निपटने के सरकारी तौर तरीकों पर नाराजगी जताते हुए कहा है कि सरकार माई-वे या नो-वे का रास्ता छोड़े और लोगों के सुझावों पर भी अमल करे। नागरिकों को ऑक्सीजन न दे पाना शर्मनाक है। हाईकोर्ट ने तीखी टिप्पणी करते हुए कहा कि कोरोना का भूत गली, सड़क पर दिन-रात मार्च कर रहा है। लोगों का जीवन भाग्य भरोसे है। डर से सड़कें, गलियां रेगिस्तान की तरह सुनसान पड़ी हैं। शहरी आबादी कोरोना की चपेट में है। जस्टिस सिद्धार्थ वर्मा और जस्टिस अजित कुमार की बेंच ने मंगलवार को कोरोना के मामले से जुड़ी एक पिटीशन पर सुनवाई करते हुए यह कमेंट किए। साथ ही सबसे ज्यादा प्रभावित 9 शहरों के लिए कई सुझाव भी दिए हैं। इन पर अमल करने और सचिव स्तर के अधिकारी के हलफनामे के साथ 3 मई तक रिपोर्ट पेश करने के लिए भी कहा है। इस के...